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देहरादून. उत्तराखंड में एक बार फिर मौसम विभाग ने भारी से भारी बारिश की चेतावनी जारी की है. देहरादून स्थित मौसम विज्ञान केंद्र ने 10 जुलाई से लेकर 13 जुलाई तक भारी से भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. मौसम विभाग ने 10 से 13 जुलाई तक ऑरेंज अलर्ट जारी किया है जिसमें कहा गया है कि प्रदेश के ज्यादातर ज़िलों में भारी से भारी बारिश के साथ तेज़ हवाएं चलेंगी और बिजली चमक सकती है. मौसम विभाग ने सभी ज़िलाधिकारियों को अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं.

इन ज़िलों में होगी भारी बारिश 

मौसम विज्ञान केंद्र के ऑरेंज अलर्ट के अनुसार 10 जुलाई को देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी, नैनीताल, ऊधम सिंह नगर में भारी बारिश की संभावना जताई गई है. यही नहीं टिहरी, उत्तरकाशी, अल्मोड़ा, चंपावत में भी भारी से भारी बारिश के साथ तेज बिजली चमकने का भी अनुमान जताया गया है.

गढ़वाल क्षेत्र में उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, टिहरी, पौड़ी, देहरादून और हरिद्वार में 10 जुलाई, 12 जुलाई और 13 जुलाई को बारिश का अनुमान जताया गया है. उत्तराखंड के कुमाऊं रीजन में पिथौरागढ़, बागेश्वर, अल्मोड़ा, नैनीताल, चंपावत और ऊधम सिंह नगर में 10 जुलाई से 13 जुलाई तक बारिश की संभावना जताई गई है.मौसम विज्ञान केंद्र ने 11 जुलाई के अपने ऑरेंज अलर्ट में नैनीताल, चंपावत, ऊधम सिंह नगर, देहरादून, टिहरी, पौड़ी हरिद्वार, उत्तरकाशी, अल्मोड़ा ज़िलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है. इसी तरह इन्हीं ज़िलों में 12 जुलाई को भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है.

इसके अलावा मौसम विज्ञान केंद्र ने 13 जुलाई को देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल, चंपावत और ऊधम सिंह नगर में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई है.

अलर्ट पर रहने को कहा 

प्रदेश भर के ज़िलाधिकारियों को अलर्ट पर रहने के निर्देश आपदा प्रबंधन विभाग ने जारी किए हैं. मौसम विज्ञान केंद्र के अलर्ट में जारी एडवाइज़री में कहा गया है कि प्रदेश के इन सभी जिलों में 11 जुलाई से 13 जुलाई तक भारी बारिश के कारण ज्यादातर इलाकों में लैंडस्लाइड, रोड ब्लॉक, नदियों में ओवरफ्लो के साथ पर्वतीय क्षेत्रों में तेज पानी का बहाव हो सकता है.

मौसम विभाग के अनुसार बारिश की वजह से कई तरह की परेशानियां हो सकती हैं इसलिए 10 जुलाई से 13 जुलाई तक लोगों को यात्रा या फिर कहीं आने-जाने से बचने को कहा गया है. इसे देखते हुए एसडीआरएफ़, पुलिस, ज़िला प्रशासन, आपदा प्रबंधन विभाग के अधिकारियों के साथ तमाम अधिकारियों को अलर्ट पर रखा गया है.



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