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Kanpur Encounter: पत्र में जनता में न्यायालय (Court) के प्रति विश्वास बनाये रखने के लिए चीफ जस्टिस से स्वतः संज्ञान लेने की अपील की गई है. इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के नवनिर्वाचित महासचिव प्रभा शंकर मिश्रा ने यह पत्र लिखा है.

प्रयागराज. कानपुर शूटआउट (Kanpur Shootout) के मुख्य आरोपी विकास दुबे (Vikas Dubey) के साथी अमर दुबे (Amar Dubey) के एनकाउंटर को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को पत्र लिखकर मामले में हस्तक्षेप की मांग की गई है. पत्र में हमीरपुर से पकड़ कर अमर दुबे का एनकाउंटर करने का आरोप लगाया गया है. पत्र में जनता में न्यायालय के प्रति विश्वास बनाये रखने के लिए चीफ जस्टिस से स्वतः संज्ञान लेने की अपील की गई है. इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के नवनिर्वाचित महासचिव प्रभा शंकर मिश्रा ने यह पत्र लिखा है.

यही नहीं अमर दुबे की 10 दिन की नवविवाहित पत्नी को जेल भेजने पर भी पत्र में सवाल उठाये गए हैं. पत्र में आरोप लगाया गया है कि 50 से 100 लोगों को पुलिस द्वारा प्रताड़ित किया जा रहा है. यही नहीं पुलिस लोगों के मकान और गाड़ियों को क्षति भी पहुंचा रही है. मामले में न्यायालय से स्वतः संज्ञान लेने का अनुरोध किया गया है.

29 जून को हुई थी शादी
अमर दुबे के ससुराल वालों का कहना है कि 29 जून को उन्होंने बेटी की शादी की और 30 जून को वह विदा होकर बिकरू अपनी ससुराल पहुंची थी. वह अभी ठीक से अपने पति व ससुरालीजनों को समझ भी नहीं पाई थी कि 2 जुलाई को हादसे ने उसके नए जीवन की शुरुआत होने से पहले ही सबकुछ खत्म कर दिया.हमीरपुर के मौदहा में हुआ एनकाउंटर

बता दें कि हमीरपुर के मौदहा में यूपी एसटीएफ के साथ मुठभेड़ में हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे का करीबी अमर दुबे को मार गिराया गया. आरोप है कि 2 जुलाई की रात को विकरू गांव में उसने विकास दुबे के साथ मिलकर पुलिस टीम पर हमला किया. इसमें eight पुलिसकर्मी शहीद हो गए थे, जबकि 7 अन्य घायल हुए थे. मुठभेड़ में मारे जाने की सूचना पर परिवार में सन्नाटा पसरा है.



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