[ad_1]

बिहार सरकार (Bihar Government) का दावा है कि होम आइसोलेशन में रह रहे कोरोना पॉजिटिव (Corona Positive) मरीजों को अब डॉक्टरी सहायता और दवा की कमी नहीं होगी.

पटना. बिहार सरकार (Bihar Government) का दावा है कि होम आइसोलेशन में रह रहे कोरोना पॉजिटिव (Corona Positive) मरीजों को अब डॉक्टरी सहायता और दवा की कमी नहीं होगी. बल्कि सरकार की तरफ से ऐसे मरीजों के लिए विशेष इंतजामात किये गए हैं. बिहार राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक निदेशक मनोज कुमार ने न्यूज 18 से खास बातचीत में कहा कि ए सिम्प्टोमेटिक केस वाले मरीजों को घर पर ही मेडिसिन किट और 2 लेयर मास्क मुहैया कराए जा रहे हैं. जहां आशा कार्यकर्ता समय समय पर विजिट कर रही हैं. वहीं किसी तरह की समस्या बढ़ती है तो डॉक्टरी परामर्श के लिए 104 नम्बर पर मरीज संपर्क कर सकते हैं.

मनोज कुमार ने कहा कि यदि मरीजों को एम्बुलेंस की जरूरत पड़े तो सीधे 102 पर कॉल कर सकते हैं, जिसके बाद एम्बुलेंस मुहैया कराई जाएगी. होम आइसोलेशन के लिए जिलाधिकारी कार्यालय में फॉर्म फिलअप करने के बाद मरीज को घर पर रहने की अनुमति दी जाएगी. बशर्ते मरीज ए सिम्प्टोमेटिक हो. दूसरी ओर लगातार बढ़ते पॉजिटिव मरीजों की वजह से अस्पतालों पर भी दवाब बढ़ गया है. ऐसे में राज्य सरकार भारत सरकार के सहयोग से लगातार संसाधन मुहैया कराने में जुटा है.

2 लाख 80 रैपिड टेस्ट किट
बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने कहा कि राज्य सरकार ने तीन खेप में 2 लाख 80 हजार रैपिड एंटीजन टेस्ट किट उपलब्ध करा दी है. साथ ही पिछले एक सप्ताह के अंदर भेजे गए 20 हजार रैपिड एंटीजन टेस्ट किट को सभी जिलों को मुहैया करवा दिया गया है. एंटीजन किट से राज्य के सभी अनुमंडल अस्पतालों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर जांच की व्यवस्था शुरू कर दी गई है. भारत सरकार द्वारा बिहार में पर्याप्त संख्या में वेंटिलेटरों की भी आपूर्ति की गई है, जिसे विभिन्न सरकारी मेडिकल काॅलेज और अस्पतालों में इंस्टॉल किया जा रहा है. भारत सरकार ने पहले एक सौ वेंटिलेटर और फिर 264 वेंटिलेटर भेजा. वहीं 30 वेंटिलेटर बिहार सरकार द्वारा क्रय किया गया. जबकि आठ वेंटिलेटर विभिन्न स्त्रोतों से सीएसआर के माध्यम से प्राप्त हुआ.



[ad_2]

Source